राउरकेला २६/११,(कलिंग समाचार) आज मीडिया क्लब राउरकेला की ओर से पानपोष स्थित ब्राह्मणी क्लब परिसर में आयोजित मीडिया कॉन्क्लेव – 2025 में ‘सोशल मीडिया एंड डिजिटल कल्चर’ पर एक चर्चा चक्र (सेमिनार) आयोजित किया गया। इस चर्चा चक्र में राउरकेला वन प्रभाग अधिकारी यशवंत सेठी मुख्य अतिथि के रूप में, और राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी अनूप कुमार मल्लिक, पूर्व उपजिलापाल महेंद्र पटनायक सहित मीडिया क्लब राउरकेला के अध्यक्ष तथा उत्कल मेल के संपादक पीताबास मिश्र, मीडिया क्लब के उपाध्यक्ष निरंजन दास, महासचिव तथा पत्रकार विवेकानंद दास ने सम्मानित अतिथि के रूप में भाग लिया और ‘सोशल मीडिया एंड डिजिटल कल्चर’ पर अपने विचार व्यक्त किए। इस कार्यक्रम में अतिथियों द्वारा उत्कल मेल के संपादक पीताबास मिश्र द्वारा रचित पुस्तक “निकिति तउल (निकिति तउलରେ मोहन सरकार) का विमोचन या गया।चर्चा चक्र में भाग लेते हुए, मुख्य अतिथि राउरकेला वन प्रभाग अधिकारी यशवंत सेठी ने कहा कि जंगल और वन्यजीवों की सुरक्षा को सोशल मीडिया एंड डिजिटल कल्चर के माध्यम से प्रस्तुत किया जा रहा है। हालांकि सोशल मीडिया लोगों के बीच लोकप्रिय है, लेकिन यह कभी-कभी गलत खबरें प्रसारित कर लोगों के बीच भ्रम पैदा करता है।मीडिया क्लब के अध्यक्ष तथा उत्कल मेल के संपादक पीताबास मिश्र ने अपने वक्तव्य में कहा कि, हालांकि मीडिया को चौथा स्तंभ कहा जाता है, लेकिन किसी भी पत्रकार को इसकी सुविधा-सुयोग नहीं मिल पा रहा है। जबकि पहले स्तंभ विधायिका (Legislative), दूसरे स्तंभ कार्यपालिका (Executive) और तीसरे स्तंभ न्यायपालिका (Judiciary) के बारे में हमारे संविधान में उल्लेख है, वहीं चौथे स्तंभ के रूप में परिचित मीडिया के लिए कोई संवैधानिक व्यवस्था नहीं है। केवल संविधान की व्यवस्था के अनुसार – राइट टू स्पीच और राइट टू राइट के अनुसार मीडिया की ओर से कुछ लिखा और कहा जा सकता है। हमारी मांग रहेगी कि चौथे स्तंभ के रूप में परिचित मीडिया को विधि-व्यवस्था के माध्यम से संविधान में या अध्यादेश (Ordinance) के माध्यम से भारत सरकार इसे कार्यान्वित करे। वर्तमान में सोशल मीडिया और डिजिटल मीडिया के आने से यह हमारे लिए एक चुनौती बन गया है। इसे कैसे प्रबंधित किया जाए और इसकी विश्वसनीयता कैसे बढ़े, यह हमारी मांग रहेगी।आज के इस मीडिया कॉन्क्लेव 2025 में मीडिया क्लब की ओर से वरिष्ठ पत्रकारों के साथ-साथ पत्रकार और समाजसेवियों को सम्मानित किया गया।

